मोदी सरकार जल्द ही युवा पीढ़ी यानी Gen-Z तक अपनी पहुंच और पैठ बढ़ाने के लिए बड़ा अभियान शुरू करने जा रही है। PTI के सूत्रों के हवाले से सामने आई जानकारी के मुताबिक, सरकार हर दिन अपने एक केंद्रीय मंत्री को विश्वविद्यालयों में भेजने की प्लानिंग कर रही है। सरकार के इस महत्वपूर्ण कदम का मकसद युवा पीढ़ी से सीधे संवाद को स्थापित करना, उनकी चिंताओं-समस्यों पर चर्चा करना और देश के विभिन्न मुद्दों पर उनके नजरिए को अच्छे तरीके से समझना है। आइए जानते हैं कि सरकार की इस योजना के बारे में अब तक क्या-कुछ जानकारी सामने आई है।
क्या है सरकार की योजना?
बुधवार को सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, सरकार Gen-Z पीढ़ी से संपर्क साधने के लिए जल्द ही ‘एक दिन, एक यूनिवर्सिटी’ को जमीन पर उतारने जा रही है। इस योजना के तहत मोदी सरकार के एक केंद्रीय मंत्री को एक यूनिवर्सिटी का दौरा करने की जिम्मेदारी सौंपे जाने की बात सामने आई है। अपने दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री यूनिवर्सिटी में छात्रों से संवाद स्थापित करेंगे। मंत्री छात्रों ने अनेक तरह के मुद्दों पर उनके विचार को सुनेंगे। इसके साथ ही युवाओं और छात्रों के साथ उनके लिए चलाई जा रही विभिन्न सरकारी योजनाओं को बारे में जानकारी भी साझा करेंगे।
इन मंत्रियों को दी गई अहम जिम्मेदारी
सूत्रों के हवाले से सामने आई जानकारी के अनुसार, मोदी सरकार ने यूनिवर्सिटियों और केंद्रीय मंत्रियों के बीच समन्वय बैठाने और उनके दौरे को बेहतर तरीके से आयोजित करवाने की जिम्मेदारी शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी और युवा मामले व खेल मंत्री मनसुख मांडविया को सौंपी है। जानकारी के अनुसार, बुधवार को पीएम मोदी ने केंद्रीय कैबिनेट की बैठक की अध्यक्षता की थी। इस दौरान भी ‘एक दिन, एक यूनिवर्सिटी’ योजना के बारे में चर्चा की गई है। बता दें कि सरकार ने ये कदम ऐसे में समय में उठाया है जब दिल्ली के जंतर-मंतर समेत देश के विभिन्न हिस्सों में छात्रों के विरोध-प्रदर्शन देखने को मिले हैं। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भी पीएम मोदी ने लाल किला से युवाओं के लिए बड़े ऐलान किए थे।
देश में कितने विश्वविद्यालय हैं?
युवाओं से संपर्क साधने की मोदी सरकार की इस योजना को काफी अहम माना जा रहा है। UGC की ओर से उपलब्ध कराए गए डेटा के मुताबिक, भारत में विश्वविद्यालयों की संख्या 1300 से करीब है। इनमें से 57 केंद्रीय विश्वविद्यालय हैं और 522 स्टेट विश्वविद्यालय हैं। इसके अलाव अन्य विश्वविद्यालय डीम्ड या प्राइवेट कैटेगरी में आते हैं। (इनपुट: भाषा)
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