मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निशाने पर आज (गुरुवार को) अखिलेश यादव रहे। योगी आदित्यनाथ, युवाओं के बीच में थे और तब उन्होंने यूपी की स्टार्टअप नीति की शुरुआत की। इसमें 107 स्टार्टअप्स और 9 इन्क्यूबेटर्स को 5 करोड़ से ज्यादा की मदद दी। इस दौरान, सीएम योगी ने कहा कि उनकी सरकार ने रोजगार के लिए पूरी कैपेसिटी के साथ काम किया है। 9 लाख से ज्यादा सरकारी नौकरी दी है। प्राइवेट सेक्टर में लाखों युवाओं को रोजगार मिला है। हजारों स्टार्टअप्स की मदद के लिए सरकार ने अपना खजाना खोल दिया है।
पहले यूपी को लेकर खराब था परसेप्शन
सीएम योगी ने कहा कि पहले ऐसा नहीं होता था। देश में यूपी का परसेप्शन सबसे ज्यादा खराब था। पिछली सरकारें रोजगार पर बात तक नहीं करती थी, लेकिन अब समय बदल गया है। यूपी का युवा पूरी दुनिया में अपनी पहचान बना रहा है।
2017 से पहले यूपी में थी अव्यवस्था
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बोले, ‘हमारा परसेप्शन 2017 के पहले की स्थिति में क्या था। उस समय जब प्रदेश के अंदर अव्यवस्था का वातावरण था। एक मान्यता चली आ रही थी। एक लंबे समय से एक सांसद के रूप में कार्य करते हुए मैं भी इस बात को महसूस करता था। जब यूपी के बाहर जाता था तो हर व्यक्ति संदेह की निगाहों से, शक की निगाहों से देखता था। यूपी का नाम सुनकर लोग चौंकते थे। यूपी के बारे में मान्यता क्या थी। जहां से सड़कों में गड्ढे प्रारंभ हो जाएं और जहां शाम को सूर्यास्त होने के बाद अंधकार प्रारंभ हो जाए। समझ लो यूपी का बॉर्डर आ गया। ये यूपी के बारे में एक सामान्य धारणा थी।’
उत्सव आने से पहले शुरू हो जाता था उपद्रव
सीएम योगी ने आगे कहा, ‘यूपी के बारे में आम जन की मान्यता थी कि पर्व और त्योहार के पहले, उत्सव आने के पहले कोई उपद्रव प्रारंभ हो जाए। जहां स्कूल, कॉलेज और मार्केट महीनों-महीनों बंद रहते थे। कर्फ्यू के साए में आम लोगों को जीने के लिए मजबूर होना पड़ता था। आप अनुमान कर सकते हैं कि उस समय क्या स्थिति रही होगी। और उन स्थितियों में यूपी के अंदर एम्प्लॉयमेंट की चर्चा करना, इन्क्यूबेटर्स की चर्चा करना, एजुकेशन की चर्चा करना और इनोवेशन के बारे में चर्चा करना, ये अपने आप में एक सपना था।’
अखिलेश यादव ने सीएम योगी पर किया पलटवार
हालांकि, योगी के बयान के बाद अखिलेश यादव भी सामने आए। अखिलेश ने योगी के आरोपों पर तो कुछ नहीं कहा लेकिन जयप्रकाश नारायण इंटरनेशल सेंटर को मुद्दा बनाया। लखनऊ के JPNIC को योगी सरकार निजी हाथों में सौंपने जा रही है। इसे निजी कंपनी को 30 साल लीज पर दिया गया है। ये अखिलेश का बनाया प्रोजेक्ट है, इसलिए वो भड़क गए। अखिलेश यादव ने कहा कि स्थापना के वक्त बीजेपी ने जिस जयप्रकाश नारायण के फोटो का इस्तेमाल किया, आज उन्हीं के नाम पर बनी इमारत को बेचा जा रहा है। अगर इनका बस चले तो ये लोग पूरा देश बेच देंगे। वहीं, महिलाओं पर मेहरबानी कर भी यूपी में चुनाव की तैयारी है। स्कीम्स को लेकर CM योगी और अखिलेश आमने-सामने दिखे।
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