कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के 9वें दिन जूडो में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन शानदार रहा है। भारत ने जूडो में अपना दूसरा गोल्ड मेडल जीत लिया है। यह पदक दिल्ली के रहने वाले हर्ष सिंह ने 60 किलोग्राम वर्ग में अपने नाम किया। फाइनल मैच में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के कैट्ज जोशुआ को 10-0 से हरा दिया। उन्होंने यह शानदार जीत वाजा-अरी दांव के जरिए हासिल की। इसके साथ ही हर्ष सिंह कॉमनवेल्थ गेम्स के जूडो खेल में गोल्ड मेडल जीतने वाले पहले भारतीय पुरुष खिलाड़ी बन गए हैं।
अस्मिता डे ने भी जीता जूडो में गोल्ड
यह जूडो में भारत का दूसरा गोल्ड मेडल है। इससे पहले भारत की अस्मिता डे ने 48 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड जीतकर इतिहास रचा था। वे जूडो में गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बनी थीं। उन्होंने फाइनल मैच में कनाडा की हैदी क्वाश को हराया। तय समय तक मुकाबला 1-1 की बराबरी पर रहने के बाद, खेल सडन डेथ (गोल्डन स्कोर) में गया, जहां अस्मिता ने पॉइंट बनाकर जीत हासिल की। उनके बाद अब हर्ष सिंह ने भी गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास में अपना नाम दर्ज करा लिया है।
जूडो में खत्म हुआ गोल्ड का सूखा
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय जूडो खिलाड़ियों को लंबे समय से एक बड़ी कामयाबी का इंतजार था। भारत इससे पहले जूडो में कई बार फाइनल तक पहुंचा था लेकिन वहां गोल्ड मेडल हाथ नहीं लगा। इससे पहले भारत जुडो में 5 सिल्वर और 6 ब्रॉन्ज मेडल जीते, लेकिन हर बार खिलाड़ी गोल्ड मेडल के करीब पहुंचकर चूक जाते थे। भारत का यह सालों पुराना इंतजार अब अस्मिता डे और हर्ष सिंह ने खत्म कर दिया है। इन दोनों खिलाड़ियों ने अपने शानदार प्रदर्शन के दम पर भारत को जूडो में पहला ऐतिहासिक गोल्ड दिलाकर इतिहास रच दिया है।









