गुजरात में नकली शराब की फैक्ट्री का पर्दाफाश, भारी संख्या में बोतलें जब्त; दो लोग अरेस्ट

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें


गुजरात के कच्छ में नकली शराब के नेटवर्क के खिलाफ भुज साइबर सेल ने बड़ी कार्रवाई की है। आदिपुर इलाके में छापा मारकर पुलिस ने 600 लीटर केमिकल, 200 लीटर पानी का मिश्रण, 180 एमएल की 600 से अधिक भरी बोतलें, करीब 9,400 खाली बोतलें और सील लगाने वाली मशीन सहित दूसरे सामान को जब्त किया है। इस दौरान पुलिस ने मुंबई और मथुरा के रहने वाले दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। 

जानकारी के मुताबिक बोतलें तैयार कर दी गई थीं लेकिन उन पर ब्रांड के स्टिकर लगाने का काम बाकी था। पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल ये है कि तैयार किया गया ये स्टॉक कहां और किसे सप्लाई किया जाना था। क्या इससे पहले भी इस जगह से नकली शराब की कोई खेप बाजार तक पहुंची थी। 

नकली शराब के नेटवर्क का हो सकता है खुलासा


 

प्रारंभिक जानकारी के आधार पर पुलिस ने मुंबई के सांताक्रूज़ निवासी हितेश खीमाभाई बामणिया और मथुरा निवासी बिजेंद्र लालचंद जाट को गिरफ्तार किया है। दोनों से पूछताछ के साथ आगे की जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल भुज साइबर सेल की इस कार्रवाई के बाद कथित नकली शराब के अवैध नेटवर्क से जुड़े कई बड़े खुलासे होने की संभावना है।

कच्छ में की गई कार्रवाई के बारे में बॉर्डर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक चिराग कोरियाडिया ने कहा, “ज़िले के आदिपुर में एक अस्थायी फ़ैक्टरी से लगभग 9,400 खाली बोतलें और 180 मिलीलीटर शराब से भरी 600 बोतलें, साथ ही 600 लीटर केमिकल ज़ब्त किए गए। 

 भावनगर में ज़हरीली शराब पीने से 13 लोगों की हुई थी मौत 

बता दें कि गुजरात एक ‘ड्राई’ (शराब-मुक्त) राज्य है, जहां शराब बनाने, बेचने और पीने पर रोक है। कुछ दिनों पहले भावनगर में ज़हरीली शराब पीने से 13 लोगों की मौत हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में अब तक 27 लोगों को गिरफ़्तार किया है।

अधिकारियों के अनुसार, भावनगर की घटना में 67 लोगों ने एक मशहूर IMFL ब्रांड के नाम वाली बोतलों में भरी शराब पी थी, जिसमें मेथनॉल मिला हुआ था, जो एक बहुत ज़हरीला पदार्थ है। गुजरात पुलिस का स्टेट मॉनिटरिंग सेल (SMC), जो राज्य भर में अवैध शराब और जुए के धंधों पर नज़र रखने वाली एक विशेष यूनिट है, इस ज़हरीली शराब कांड की कई राज्यों में फैली जांच कर रही है। यह यूनिट मेथनॉल और अन्य केमिकल के स्रोत, इसमें शामिल ट्रांसपोर्टरों और नकली शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले कच्चे माल को खरीदने और लाने-ले जाने से जुड़े सभी लोगों की जांच कर रही है।

रिपोर्टः नीतेश गोर





Source link

Leave a Comment

और पढ़ें