दिल्ली सरकार छठ महापर्व से पहले बिहार और पूर्वांचल के लाखों लोगों को तोहफा देने जा रही है। दिल्ली और बिहार सरकार जल्द ही एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर करने जा रही हैं, जिसके बाद राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से बिहार के छह प्रमुख शहरों- पटना, गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, पूर्णिया और भागलपुर के लिए विशेष अंतरराज्यीय बस सेवा शुरू की जाएगी। दिल्ली सरकार के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज सिंह के मुताबिक, सितंबर महीने में बिहार सरकार के परिवहन विभाग के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। इसके बाद दिवाली के तुरंत बाद और छठ महापर्व से पहले ये बस सेवा शुरू कर दी जाएगी, ताकि त्योहार के दौरान बिहार जाने वाले लाखों यात्रियों को राहत मिल सके।
70 EV बसें चलाई जाएंगी
योजना के पहले चरण में करीब 70 EV बसें चलाई जाएंगी। ये बसें दिल्ली से बिहार के छह प्रमुख शहरों- पटना, गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, पूर्णिया और भागलपुर के बीच नियमित रूप से संचालित होंगी। मंत्री के अनुसार यह सेवा केवल छठ तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि सालभर प्रतिदिन संचालित होगी।भविष्य में यात्रियों की संख्या को देखते हुए बसों की संख्या भी बढ़ाई जा सकती है।
महंगे सफर से मिलेगी मुक्ति
परिवहन मंत्री डॉ. पंकज सिंह का कहना है कि अभी दिल्ली से बिहार जाने वाले अधिकांश लोगों को ट्रेन या निजी बस ऑपरेटरों पर निर्भर रहना पड़ता है। त्योहारों के दौरान निजी बस ऑपरेटर यात्रियों से कई गुना अधिक किराया वसूलते हैं, जिससे लोगों को मजबूरी में महंगा सफर करना पड़ता है। सरकारी बस सेवा शुरू होने से यात्रियों को उचित किराए पर सुरक्षित और आरामदायक यात्रा मिलेगी, वहीं निजी बस ऑपरेटरों की मनमानी पर भी अंकुश लगेगा। बता दें कि दिल्ली की रेखा गुप्ता सरकार एक के बाद एक कई बड़े फैसले ले रही है। इससे पहले दिल्ली सरकार ने ‘लक्ष्मी योजना’ को मंजूरी दी थी जिसके तहत महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपये मिलेंगे।
एसी और नॉन-एसी दोनों बसें चलेंगी
सरकार का मानना है कि इस योजना से एक ओर यात्रियों को फायदा होगा तो दूसरी ओर दिल्ली सरकार के राजस्व में भी बढ़ोतरी होगी। इस बस सेवा के संचालन के लिए आनंद विहार में 13.5 मीटर चौड़ा अत्याधुनिक बस टर्मिनल विकसित किया जा रहा है, जो इन सभी रूटों का प्रमुख हब होगा। दिल्ली से बिहार के इन शहरों तक बस यात्रा में करीब 16 घंटे का समय लगेगा। परिवहन मंत्री के मुताबिक इन रूटों पर सेमी-स्लीपर डीलक्स बसें चलाई जाएंगी, जो एसी और नॉन-एसी दोनों श्रेणियों में उपलब्ध होंगी। इस पहल का उद्देश्य दिल्ली और बिहार के बीच कनेक्टिविटी को मजबूत करना, प्रवासी श्रमिकों और पूर्वांचल के लोगों को बेहतर परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना तथा त्योहारों के दौरान यात्रा को अधिक सुरक्षित, आरामदायक और किफायती बनाना है।
ये भी पढ़ें- दिल्ली में बदलने जा रहे तीन नियम, सरकार सदन में पेश करेगी बिल; CAG की दो रिपोर्ट भी पटल पर रखी जाएगी
दिल्ली लक्ष्मी योजना को जबरदस्त रिस्पॉन्स, 3 लाख से ज्यादा महिलाओं ने कराया रजिस्ट्रेशन








