तमिलनाडु में एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय और उनकी मां के बारे में अपमानजनक टिप्पणी करने के लिए बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन के खिलाफ पुलिस महानिदेशक (DGP) के पास शिकायत दर्ज कराई गई है।
यह विवाद शनिवार को चेन्नई स्थित बीजेपी के प्रदेश मुख्यालय ‘कमलालयम’ में नागेंद्रन के एक कार्यक्रम के दौरान दिए गए बयान के बाद शुरू हुआ। नागेंद्रन ने विधानसभा में विजय द्वारा बार-बार “पिता” का ज़िक्र किए जाने का मजाक उड़ाया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “जब लोगों को घर में पिता नहीं मिलता है, तो उन्हें घर में मां से पूछना चाहिए कि पिता कौन है।” इन टिप्पणियों के बाद व्यापक विरोध हुआ। कई नेताओं ने इन्हें अपमानजनक और आपत्तिजनक बताते हुए निंदा की।
शिकायत करने वाले ने विजय और उनकी मां के बारे में बीजेपी नेता की टिप्पणियों को अपमानजनक बताया है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। शिकायत में पुलिस से यह भी कहा गया है कि वे जांच और कार्रवाई के तहत उस कार्यक्रम की ऑडियो और वीडियो रिकॉर्डिंग की जांच करें और उन्हें जब्त करें।
विजय के ‘कुट्टी कथई’ बयान से शुरू हुआ था विवाद
पूरा विवाद मुख्यमंत्री विजय के विधानसभा में दिए गए एक ‘कुट्टी कथई’ यानी छोटी कहानी वाले बयान से जुड़ा है। अप्रैल 2026 के विधानसभा चुनाव में DMK की हार के बाद विजय ने विधानसभा में एक राजनीतिक तंज करते हुए उदयनिधि स्टालिन के पिता और डीएमके अध्यक्ष एमके स्टालिन के विधानसभा में न होने का संदर्भ दिया था। उन्होंने मजाकिया अंदाज में नेता प्रतिपक्ष के “पिता” के ठिकाने का जिक्र किया था, जिसे कोलाथुर विधानसभा क्षेत्र में स्टालिन की चुनावी हार से जोड़कर देखा गया था। द्रमुक समेत कई राजनीतिक दलों ने विजय की टिप्पणी की आलोचना की थी। इसके जवाब में पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा था कि वह विधानसभा में मौजूद नहीं होने के बावजूद जनता के दिलों में मौजूद हैं।
बीजेपी के भीतर से भी नागेंद्रन की आलोचना
नागेंद्रन की ताजा टिप्पणी पर बीजेपी के भीतर से भी आपत्ति सामने आई है। पूर्व बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने टिप्पणी की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार पर सवाल उठाना और राजनीतिक मतभेद रखना लोकतांत्रिक व्यवस्था का हिस्सा है, लेकिन किसी नेता के परिवार, खासकर उसकी मां को लेकर व्यक्तिगत टिप्पणी करना स्वीकार्य नहीं है।
अन्नामलाई ने इसे राजनीतिक शिष्टाचार की सीमा पार करने वाला और ‘थर्ड-रेट’ राजनीति का उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि इस तरह की राजनीति को युवा पीढ़ी के सामने प्रोत्साहित नहीं किया जाना चाहिए।
तमिलनाडु के मंत्री ए. राजमोहन ने भी नागेंद्रन की टिप्पणी को ‘असभ्य और अनुचित’ बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विजय लगातार अपने सहयोगियों से राजनीतिक मर्यादा बनाए रखने और उकसावे एवं व्यक्तिगत हमलों के बावजूद संयम बरतने की अपील करते रहे हैं। हाल ही में विजय के खिलाफ अभद्र टिप्पणी करने वाले डीएमके विधायक मार्कंडेयन को गिरफ्तार किया गया था।
(रिपोर्ट- भाषा)
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