कानपुर के बिधनू थाना क्षेत्र में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। यहां सुसाइड नोट के अनुसार पति और ससुरालवालों की कथित प्रताड़ना से परेशान 29 वर्षीय सुमन उर्फ गुड़िया ने घर में फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद पुलिस को मृतका के पास से तीन पन्नों का एक कथित दर्दनाक सुसाइड नोट मिला है। इसमें महिला ने लंबे समय से चल रही मारपीट, गाली-गलौज, पैसों और जेवरात को लेकर विवाद तथा बच्चों के भविष्य को लेकर चिंता का जिक्र किया है।
घटना की सूचना मिलने के बाद मृतका के मायके वाले मौके पर पहुंचे। परिजनों ने सुमन की मौत को आत्महत्या मानने से इनकार करते हुए उसके पति और ससुरालवालों पर हत्या कर शव को फंदे से लटकाने का आरोप लगाया। परिजनों के हंगामे के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना के बाद पति समेत कई ससुरालीजन मौके से फरार बताए जा रहे हैं।
शादी के बाद से दहेज की मांग का आरोप
मृतका के पिता नवाब सिंह कानपुर देहात के शिवली क्षेत्र के रैपालपुर गांव के रहने वाले हैं। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी सुमन की शादी करीब नौ साल पहले बिधनू के गुरु का पुरवा निवासी बस चालक इंद्रजीत से हुई थी। दंपती के दो बच्चे हैं, जिनमें बेटे की उम्र करीब सात साल और बेटी की उम्र करीब चार साल है। पिता का आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही ससुराल पक्ष की ओर से प्लॉट खरीदने के लिए 10 लाख रुपये की मांग की जाने लगी। मांग पूरी न होने पर बेटी के साथ मारपीट की जाती थी। नवाब सिंह के मुताबिक, शादी के करीब दो साल बाद भी दहेज की मांग को लेकर सुमन के साथ मारपीट हुई और उसे नहर में फेंक दिया गया था। बाद में रिश्तेदारों ने दोनों पक्षों के बीच समझौता करा दिया था।
बच्चों के सामने मारपीट का आरोप
परिजनों के मुताबिक, पिछले कुछ समय से विवाद फिर बढ़ गया था। 19 मई को भी इंद्रजीत ने सुमन के साथ कथित तौर पर मारपीट की थी। जानकारी मिलने पर मायके वाले बेटी और उसके दोनों बच्चों को अपने साथ ले गए थे। बाद में पति की ओर से दोबारा मारपीट न करने का भरोसा दिए जाने के बाद 28 जुलाई को सुमन को वापस ससुराल भेज दिया गया था। परिजनों का कहना है कि सोमवार को पड़ोसियों ने उन्हें फोन कर सुमन के फंदे पर लटके होने की जानकारी दी। जब परिवार के लोग घर पहुंचे तो दोनों बच्चे भी वहां मौजूद थे। पिता के अनुसार, बच्चों ने बताया कि सुबह स्कूल जाने से पहले उनके पिता ने मां के साथ मारपीट की थी। स्कूल से वापस लौटने पर उन्होंने मां को फंदे से लटका हुआ देखा।
फटे कपड़े देखकर परिजनों ने जताया संदेह
मौके पर पहुंचने के बाद सुमन के कपड़े फटे हुए मिलने की बात सामने आई। इसे देखते हुए मायके वालों ने हत्या की आशंका जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि सुमन की हत्या करने के बाद उसके शव को फंदे पर लटकाया गया है। सूचना पर पहुंची बिधनू पुलिस ने घटनास्थल की जांच की। इसी दौरान पुलिस को तीन पन्नों का एक कथित सुसाइड नोट मिला। बताया जा रहा है कि नोट के कुछ हिस्से फटे हुए थे। पुलिस ने परिजनों को उचित कार्रवाई का भरोसा दिया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बता दें कि इससे पहले यूपी के नोएडा में भी एक 24 साल की नवविवाहिता ने 16वीं मंजिल से कूद कर अपनी जान दे दी।
सुसाइड नोट में जेवर और पैसों का भी जिक्र
कानपुर में कथित सुसाइड नोट में सुमन ने लिखा कि उसे और उसके बच्चों को काफी समय से परेशान किया जा रहा था। उसने कुछ रिश्तेदारों के नाम लेते हुए फोन पर गाली देने और घर से जेवरात व पैसे ले जाने का आरोप लगाया। सुसाइड नोट में चेन, हार, कंगन और मंगलसूत्र समेत अन्य सामान का जिक्र किया गया है। सुमन ने अपने बच्चों के भविष्य की चिंता भी जताई। उसने कथित तौर पर कुछ रकम अलग-अलग लोगों को दिए जाने की बात लिखते हुए कहा कि उसका पैसा और सामान बच्चों को दिलाया जाए। उसने जमीन से जुड़े लेनदेन का भी उल्लेख किया है और संबंधित लोगों से बच्चों के लिए जगह देने की अपील की।
9 साल से सह रहे थे, अब नहीं सह पाए
कथित नोट में सुमन ने कई लोगों पर उसे परेशान करने के आरोप लगाए हैं। उसने यह भी लिखा कि पति को शराब पिलाकर उसके साथ मारपीट कराई जाती थी और ससुराल में शराब-सिगरेट को लेकर भी विवाद होता था। महिला ने कानून से संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए लिखा कि दोषियों को ऐसी सजा मिलनी चाहिए, जिससे भविष्य में किसी और महिला के साथ ऐसा न हो। सुसाइड नोट के आखिरी हिस्से में सुमन ने अपनी स्थिति को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि वह करीब नौ साल से सब कुछ सहती आ रही थी, लेकिन अब वह और नहीं सह पा रही थी। उसने अपने बच्चों के पैसे और सामान उन्हें वापस दिलाने की अपील भी की। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सुसाइड नोट, घटनास्थल की परिस्थितियों और परिजनों के आरोपों की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही मौत की वास्तविक वजह को लेकर स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। (रिपोर्ट: अनुराग श्रीवास्तव)
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